गोरखपुर

अज्ञात संसाधनों से अकूत सम्पति इकठ्ठा करने वाले पवन सिंह ने मकान, आलिशान गाड़ियां सबकुछ गवांया

अज्ञात संसाधनों से अकूत सम्पति इकठ्ठा करने वाले पवन सिंह ने मकान, आलिशान गाड़ियां सबकुछ गवांया

गोरखपुर: कभी रोज-रोज तक़रीबन बीस लोगों को महंगी-महंगी गाड़ियों में अपने साथ लेकर घूमने वाला पवन सिंह अब जेल में बंद है। गलत या सही जो भी धंधा था वो या तो चोपट हो गया है या चौपट होने होने के कगार पर है। लगे हाथ प्रशासन ने इस पूर्व छात्र नेता के मकान, जमीन और गाड़ियों को जब्त कर लिया है। यूपी गैंगस्टर एक्ट के तहत प्रशासन और पुलिस की टीम ने हिस्ट्रीशीटर व छात्र नेता पवन सिंह की जमीन, मकान और चार लग्जरी गाड़ियों के साथ ही खाते में मौजूद रकम को जब्त कर लिया है। कोर्ट ने यूपी गैंगस्टर एक्ट के तहत उसकी संपत्ति को जप्त करने का आदेश पुलिस प्रशासन को दिया था।

सोमवार को प्रशासनिक अधिकारी के नेतृत्व में गठित टीम ने जब्ती की कार्रवाई में पवन सिंह की बाधा गाढ़ा में प्लांटिंग की जमीन, नथमलपुर गोरखनाथ स्थित मकान और यूनियन बैंक के खाते में मौजूद रकम के अलावा उसके पास मौजूद चार लग्जरी गाड़ियों को जब्त कर लिया है। गाड़ियों को जहां थाने पर खड़ी कराई गई है, वही मकान में प्रशासन का ताला लगा दिया गया है।

गोरखनाथ थाना क्षेत्र के नथमलपुर राजेंद्र नगर निवासी पवन सिंह अपने भाई तथा साथियों के साथ गैंगस्टर एक्ट तहत वर्तमान में जेल में है, कोर्ट ने उसकी जमानत अर्जी को खारिज कर दिया है। पवन सिंह के खिलाफ सितंबर 2017 में करीब डेढ़ करोड़ रुपए हड़पने के मामले में गोरखनाथ थाने में केस दर्ज हुआ था, पुलिस ने पवन और उसके भाई अमित सहित अन्य को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था, पवन पर गैंगस्टर की तैयारी चल रही थी जमानत पर बाहर भी आ गया।

गोरखनाथ थाने की पुलिस की कार्रवाई चलती रही और पुलिस ने उसके भाई तथा साथियों पर गैंगस्टर की कार्रवाई की। इसके बाद 16 दिसंबर 2017 को पवन सिंह ने अपने भाई तथा साथियों के साथ गैंगस्टर कोर्ट में सरेंडर कर दिया। हालांकि उसके बाद जमानत के प्रयास में लगातार लगा रहा। बीते 12 फरवरी को कोर्ट ने एक बारे फिर पवन सिंह की जमानत याचिका को खारिज कर दिया था। वहीँ दूसरी तरफ पुलिस पवन सिंह द्वारा अर्जित की गई संपत्ति को जप्त करने की कार्रवाई में जुटी रही। कोर्ट ने धारा 14 (1) के तहत पवन सिंह की संपत्ति जप्त कराने का आदेश दे दिया था।

क्या होती है जब्ती की कार्रवाई

पवन सिंह व अन्य पर डेढ़ करोड़ से ज्यादा रुपए हड़पने का आरोप हैं, यह जब्ती की कार्रवाई उसी मुकदमे से अटैच रहेगी जब तक मुकदमे में फैसला नहीं आ जाता तब तक जब संपत्ति को बेचा नहीं जा सकता। यही नहीं मुकदमे में फैसला पीड़ित के पक्ष में आने के बाद यह संपत्ति बेच कर उससे वसूली की जाएगी।

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